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मांडू (मालवा)21 मिनट पहले
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मांडू में जी-20 सम्मेलन और मुख्यमंत्री के दौरे के कार्यक्रम के बाद शासन प्रशासन ने मांडू की ओर ध्यान दिया है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के दौरे और जी-20 की 19 जुलाई को होने वाले संभावित दौरे को लेकर कलेक्टर ने व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
यहां वर्ष भर में लाखों पर्यटक की मूलभूत सुविधाओं से कोई लेना-देना नहीं, यहां पर्यटक आते जरूर हैं पर नाखुश होकर लौटते हैं। जब उन्हें यहां टॉयलेट जैसी सुविधा नहीं मिलती है। यही वजह है कि पिछले कई वर्षों से मांडू के पर्यटन का ग्राफ गिर रहा है। एक बार मांडू आने के बाद पर्यटक दोबारा आना नहीं चाहते।

पर्यटन क्षेत्र में नहीं मिलती एंबुलेंस
इन दिनों पर्यटन नगरी में फिर जिले के अफसरों की आवाजाही बढ़ गई है। 19 को यहां जी-20 के अति विशिष्ट अतिथि आने वाले हैं। सीएम शिवराज सिंह चौहान का दौरा भी प्रस्तावित है। कलेक्टर ने जिले के अमले के साथ शुक्रवार को यहां की व्यवस्थाओं को देखा। अति विशिष्ट अतिथियों को किसी तरह की भी कमी ना हो इसके लिए सख्त आदेश दिए हैं। आम पर्यटकों के लिए यहां अगर दुर्घटना हो जाए तो, एंबुलेंस भी मौजूद नहीं रहती। जवाबदार घटना होने के बाद प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भी नहीं पहुंचते हैं।
हेलीपैड, सर्किट हाउस, जहाज महल देखा
कलेक्टर प्रियंक मिश्रा के साथ अनुविभागीय दंडाधिकारी पीथमपुर रोशनी पाटीदार, तहसीलदार सुरेश नागर, नायब तहसीलदार राहुल गायकवाड, थाना प्रभारी रवि वाश्के, मुख्य नगरपालिका अधिकारी लाल सिंह राठौर ने आज यहां व्यवस्थाएं देखी। कलेक्टर मिश्रा हेलीपैड पहुंचे। मार्ग निर्माण में आ रही बाधाओं को हटाने के निर्देश दिए। इसके बाद सर्किट हाउस, जहाज महल में जी-20 के अतिथियों के दौरे को लेकर सुरक्षा और व्यवस्था देखी।
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