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दतिया9 मिनट पहले
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सेवढ़ा प्रथम एडीजे विश्वनाथ शर्मा द्वारा मंगलवार को हत्या के मामले में आरोपी संतराम ढीमर, महेश ढीमर, अशोक ढीमर और नीरज ढीमर निवासी वार्ड नं 2 सेंवढा को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास एवं 5-5 हजार रूपए के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
मीडिया प्रभारी एवं पैरवी कर्ता वकील संजय कुमार मित्तल द्वारा बताया गया कि दिनांक 20 अक्टूबर 2017 को फरियादी कल्लू उर्फ अभय सिंह ने थाने में शिकायत दर्ज कराई कि वह और उसका भाई अजय सिंह तोमर घर पर थे। तभी अजय के मोबाइल पर अशोक का फोन आया कि मोहल्ले में आ जाओ। इस के बाद अजय घर से निकला वह भी अजय के पीछे चला गया। शाम के करीब 4 बजे का थे।
अजय जैसे ही रामकिशन के मकान के बगल तिराहे पर पहुचा तो संतराम, नीरज, राजू, अनुज, अशोक, संतोश, रवि अपने अपने हाथ में कुल्हाड़ी लिए एक राय होकर अजय सिंह को मां बहन की गालियां दी और जान से मारने की नीयत से कुल्हाड़ी से मारपीट करने लगे। अजय सिंह जमीन पर गिर गया और सभी लोग उसे कुल्हाड़ी से मारते रहे। जिससे अजय सिंह मौत हो गई।
शिकायत के बाद सेवड़ा पुलिस ने सभी आरोपियों पर हत्या का मामला दर्ज कर विवेचना में लिया था। विवेचना पूर्ण होने पर पुलिस ने चार्जशीट न्यायालय में प्रस्तुत की गई। न्यायालय ने विचारण उपरान्त मंगलवार को मामले की आखरी सुनवाई के दौरान आरोपी संतराम ढीमर, महेश, अशोक ढीमर, नीरज ढीमर निवासी वार्ड नं 2 अजय सिंह की हत्या का दोषी पाते हुए आजीवन कारावास एवं 5-5 हजार रूपए के अर्थदंड से की सजा सुनाई है।
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